रंगोली के रंगों से दिया राष्ट्रसेवा और विकसित भारत का संदेश
धानापुर। कस्बा स्थित शहीद हीरा सिंह राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में शनिवार को सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ विषय पर रंगोली मेकिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें छात्र-छात्राओं ने अपनी रचनात्मक एवं कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए जनकल्याणकारी योजनाओं और राष्ट्र निर्माण से जुड़े संदेशों को रंगोली के माध्यम से प्रस्तुत किया।
धानापुर, चंदौली

4:06 PM, Oct 17, 2026
धानापुर। कस्बा स्थित शहीद हीरा सिंह राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में शनिवार को सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ विषय पर रंगोली मेकिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें छात्र-छात्राओं ने अपनी रचनात्मक एवं कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए जनकल्याणकारी योजनाओं और राष्ट्र निर्माण से जुड़े संदेशों को रंगोली के माध्यम से प्रस्तुत किया।
प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने विभिन्न रंगों के साथ फूल-पत्तियों जैसी प्राकृतिक सामग्रियों का उपयोग कर आकर्षक रंगोलियां बनाईं। इनमें प्रधानमंत्री जन धन योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, हर घर जल, ग्रीन इंडिया, मिशन शक्ति, नारी सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलंबन जैसे विषय प्रमुख रहे। इसके साथ ही आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत @2047 के विजन को भी कलात्मक ढंग से उकेरा गया।
रंगोलियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने सामाजिक एवं राष्ट्रीय एकता, सेवा, समर्पण और नागरिक कर्तव्यों का संदेश दिया। उन्होंने दर्शाया कि जनसेवा और राष्ट्रसेवा प्रत्येक नागरिक की सामाजिक एवं नैतिक जिम्मेदारी है। राष्ट्र निर्माण के लिए जरूरी है कि हर व्यक्ति राष्ट्रहित की भावना को अपने दैनिक जीवन में अपनाए।
प्रतियोगिता में प्रिया प्रजापति, नेहा यादव, शगुन, प्रिया सिंह, शालिनी सिंह, बरखा मौर्या, सुषमा, आराधना, अंशप्रिया कश्यप, शाहीन परवीन, रानी बघेल, वैष्णवी, प्रिया कुशवाहा, दिव्यांशी पांडेय और खुशबू ने पांच समूहों में प्रतिभाग किया। निर्णायक मंडल में डॉ. पूनम निर्मल, डॉ. रीना सिंह और डॉ. किरन यादव शामिल रहीं। प्रतियोगिता में प्रिया प्रजापति, नेहा यादव और शगुन के समूह ने संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रिया कुशवाहा, दिव्यांशी पांडेय और खुशबू का समूह दूसरे स्थान पर रहा, जबकि बरखा मौर्या और सुषमा के समूह ने तीसरा स्थान हासिल किया।
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर ध्रुव भूषण सिंह ने कहा कि प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को अपनी कलात्मक एवं रचनात्मक प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देने के साथ ही उनके भीतर समाज और राष्ट्र के प्रति सेवा, समर्पण तथा जिम्मेदारी की भावना विकसित करना है।
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इस अवसर पर डॉ. संदीप, डॉ. प्रवेश कुमार सिंह, डॉ. प्रवेश, डॉ. प्रशांत सहित अन्य प्राध्यापक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। सभी ने प्रतिभागियों की रचनात्मक सोच और कलात्मक कौशल की सराहना की। कार्यक्रम का संयुक्त आयोजन डॉ. लल्लन भारती और डॉ. दिनेश कुमार ने किया।
